मोकामाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2000
सूरज सिंह (निर्दलीय) ने 2000 के विधान सभा चुनाव में 68.6% वोट पाकर मोकामा सीट जीती और दिलीप कुमार सिंह (RJD) को 59,471 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 201 हिलसा थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से सीट नंबर 201 बक्सर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — सूरज सिंह 39.8% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
8 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सूरज सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,02,49968.6% |
| 2 | दिलीप कुमार सिंह | 43,02828.8% | |
| 3 | मीना देवी सिन्हा | 1,4931.0% | |
| 4 | चन्द्र काला देवी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2350.8% |
| 5 | रणबीर कुमार सिंह | 7340.5% | |
| 6 | नागेसवार रजक निर्दलीय | निर्दलीय | 2130.1% |
| 7 | ब्रज भूषण प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 1110.1% |
| 8 | तारकेश्वर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 840.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
एक निर्दलीय और RJD को 97% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.81 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
मोकामा से कौन जीता, 1977–2000
एक निर्दलीय उम्मीदवार ने यह सीट JD से छीन ली, जिसने इसे 1995 में जीता था। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1995 के 52.7% से बढ़कर 75.7% हो गया।