कसबाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2000
प्रदीप कु. दास (BJP) ने 2000 के विधान सभा चुनाव में 24.5% वोट पाकर कसबा सीट जीती और मो. आफाक आलम (निर्दलीय) को 5,669 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 138 मनिहारी थी। 2005 में, झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, जब सीटों के नंबर बदले गए, तब भी इसका नंबर वही रहा। 2005 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2010 से सीट नंबर 138 विभूतिपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। प्रदीप कु. दास 4.3% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
24 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | प्रदीप कु. दास NDA | NDA | 32,22224.5% |
| 2 | मो. आफाक आलम निर्दलीय | निर्दलीय | 26,55320.2% |
| 3 | शिव चरण मेहता | 12,0259.2% | |
| 4 | असीम कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 9,4617.2% |
| 5 | बमबम साह | 6,2324.8% | |
| 6 | सैयद गुलाम हुसैन | 5,2694.0% | |
| 7 | सुबोध प्रसाद यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 4,7843.6% |
| 8 | जुबेर आलम निर्दलीय | निर्दलीय | 4,6453.5% |
| 9 | मोजम्मिल BMF | BMF | 4,2033.2% |
| 10 | फजलुर रहमान निर्दलीय | निर्दलीय | 4,0713.1% |
| 11 | सागर मेंहतो निर्दलीय | निर्दलीय | 3,7042.8% |
| 12 | कैलाश ऋषि निर्दलीय | निर्दलीय | 3,6912.8% |
| 13 | दरोगी लाल विश्वास | 2,9142.2% | |
| 14 | सरोज कुमार भारती | 2,1991.7% | |
| 15 | इन्तखाब आलम | 2,1901.7% | |
| 16 | चंदा देवी | 1,2741.0% | |
| 17 | नवीन कु. महतो KVSB | KVSB | 1,0930.8% |
| 18 | राम बृक्षा साह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0750.8% |
| 19 | विजय साह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0390.8% |
| 20 | कलानंद्र दास निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0010.8% |
| 21 | शालिग्राम यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 7230.6% |
| 22 | नरेश बिश्वास निर्दलीय | निर्दलीय | 5030.4% |
| 23 | दामोदर मेहता AJBP | AJBP | 2640.2% |
| 24 | संजय कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1760.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को सिर्फ़ 54% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 7.93 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कसबा से कौन जीता, 1977–2005
BJP ने 1995 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 26.3% से घटकर 24.5% रह गया। मतदान प्रतिशत 1995 के 62.4% से बढ़कर 65.9% हो गया। इसके बाद 2005 (फ़रवरी) के चुनाव में यह सीट SP ने जीती।
- 1977जय नारायण मेहता (INC), जीत का अंतर 0.5%
- 1980मो. यासीन (INC(I)), जीत का अंतर 4.5%
- 1985सैयद गुलाम हुसैन (INC), जीत का अंतर 2.9%
- 1990शिव चरण मेहरता (JD), जीत का अंतर 42.5%
- 1995प्रदीप कु दास (BJP), जीत का अंतर 4.1%
- 2000प्रदीप कु. दास (BJP), जीत का अंतर 4.3%
- 2005 (फ़रवरी)मो. आफाक आलम (SP), जीत का अंतर 3.2%
- 2005 (अक्टूबर)प्रदीप कुमार दास (BJP), जीत का अंतर 4.7%