गया टाउनविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
प्रेम कुमार (BJP) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 29.9% वोट पाकर गया टाउन सीट जीती और शकील अहमद खान (CPI) को 4,960 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 250 गया थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 250 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
5.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
36 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | प्रेम कुमार | 27,81629.9% | |
| 2 | शकील अहमद खान वाम दल | वाम दल | 22,85624.6% |
| 3 | जय कुमार पालित | 15,67516.9% | |
| 4 | प्रमोद सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 12,32313.3% |
| 5 | सुशीला सहाय राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 8,5919.2% |
| 6 | भीम सिंह यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 3,6663.9% |
| 7 | राज कपूर ABJS | ABJS | 3860.4% |
| 8 | मिथिलेश शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 2300.3% |
| 9 | सैयद जावेद करीम | 1580.2% | |
| 10 | निशिकान्त मिशर निर्दलीय | निर्दलीय | 1400.1% |
| 11 | दिलीप कु घोपाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1390.1% |
| 12 | चन्द्रिका प्रसाद राव निर्दलीय | निर्दलीय | 1360.1% |
| 13 | राजेन्द्र प्रसाद राव JNP(JP) | JNP(JP) | 1000.1% |
| 14 | वडो यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 970.1% |
| 15 | शम्भू शरण प्रसाद वर्मा SOP(L) | SOP(L) | 800.1% |
| 16 | तरनी प्रसाद सिंह | 750.1% | |
| 17 | कुमकुम लता निर्दलीय | निर्दलीय | 560.1% |
| 18 | विनय कुमार सिन्हा निर्दलीय | निर्दलीय | 450.1% |
| 19 | माधुरी देवी निर्दलीय | निर्दलीय | 390.0% |
| 20 | राज कुमार सिंह BKUS | BKUS | 380.0% |
| 21 | मोहम्मद शकील अनवर खान निर्दलीय | निर्दलीय | 320.0% |
| 22 | एस.एम. खिरजार हयात निर्दलीय | निर्दलीय | 320.0% |
| 23 | गोपाल शरण निर्दलीय | निर्दलीय | 320.0% |
| 24 | कौलेश्वर गांधी निर्दलीय | निर्दलीय | 310.0% |
| 25 | जयराम प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 310.0% |
| 26 | विजय कुमार सेठ निर्दलीय | निर्दलीय | 290.0% |
| 27 | सिंधु भूषण ओझा निर्दलीय | निर्दलीय | 290.0% |
| 28 | बाल मुकंद प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 240.0% |
| 29 | राजेन्द्र प्रसाद गुप्ता निर्दलीय | निर्दलीय | 200.0% |
| 30 | वीरेन्द्र प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 190.0% |
| 31 | पूर्णानंद तारवे निर्दलीय | निर्दलीय | 180.0% |
| 32 | अशोक कु चौरसिया निर्दलीय | निर्दलीय | 180.0% |
| 33 | अखोरो अमरेन्द्र कुमार सिन्हा निर्दलीय | निर्दलीय | 120.0% |
| 34 | वाजिद अली खान निर्दलीय | निर्दलीय | 110.0% |
| 35 | राजेश कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 100.0% |
| 36 | विजय कुमार मदनी निर्दलीय | निर्दलीय | 60.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 71% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.86 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
गया टाउन से कौन जीता, 1977–2000
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1985 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत लगभग 1985 जितना ही रहा: 53.2%। इसके बाद 1995 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।