ईचागढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1980
घनश्याम महतो (निर्दलीय) ने 1980 के विधान सभा चुनाव में 43.8% वोट पाकर ईचागढ़ सीट जीती और प्रभात कुमारादित्य देव (निर्दलीय) को 11,367 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 293 चक्रधरपुर थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 293 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — घनश्याम महतो 22.0% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | घनश्याम महतो निर्दलीय | निर्दलीय | 22,58843.8% |
| 2 | प्रभात कुमारादित्य देव निर्दलीय | निर्दलीय | 11,22121.8% |
| 3 | दुलाल माझी JKD | JKD | 4,1828.1% |
| 4 | उदयकृष्ण महतो | 3,8207.4% | |
| 5 | सुरेश कुमार खेतान | 3,1076.0% | |
| 6 | प्रबोध कुमार पात्र | 1,9613.8% | |
| 7 | पदमा लोचन गोप निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3712.7% |
| 8 | दुर्गा पदो दे निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3622.6% |
| 9 | प्रहलाद महतो JNP(SC) | JNP(SC) | 1,0212.0% |
| 10 | अश्रुधीन अंसारी निर्दलीय | निर्दलीय | 9431.8% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 74% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.87 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
ईचागढ़ से कौन जीता, 1977–2000
1977 की तरह इस बार भी यहाँ एक निर्दलीय उम्मीदवार जीता। मतदान प्रतिशत 1977 के 27.5% से बढ़कर 46.9% हो गया। इसके बाद 1985 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।