गुरुआविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1980
मो. शाहजान (INC(I)) ने 1980 के विधान सभा चुनाव में 29.8% वोट पाकर गुरुआ सीट जीती और शंकर दयाल सिंह (JNP(JP)) को 3,103 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 252 अतरी थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 252 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। मो. शाहजान 4.1% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मो. शाहजान | 22,75829.8% | |
| 2 | शंकर दयाल सिंह JNP(JP) | JNP(JP) | 19,65525.8% |
| 3 | उपेन्द्र नाथ वर्मा JNP(SC) | JNP(SC) | 16,76322.0% |
| 4 | जानकी यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 12,51116.4% |
| 5 | बलभद्र सिंह | 1,5682.0% | |
| 6 | रामपति सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3631.8% |
| 7 | जय नारायण सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 7681.0% |
| 8 | राज कुमार यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 5170.7% |
| 9 | गनौरी प्रसाद सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2170.3% |
| 10 | जान मोहम्मद खान निर्दलीय | निर्दलीय | 2040.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 78% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.32 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
गुरुआ से कौन जीता, 1977–2000
INC(I) ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1977 के 55.1% से बढ़कर 64.7% हो गया। इसके बाद 1985 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।