शिकारीपाड़ाविधान सभा उपचुनाव का परिणाम, 1980
डी. मुर्मू (JMM) ने 1980 के विधान सभा उपचुनाव में 49.0% वोट पाकर शिकारीपाड़ा सीट जीती और एस. मुर्मू (INC(I)) को 10,730 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 153 जामा थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से सीट नंबर 153 सुल्तानगंज है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — डी. मुर्मू 21.0% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | डी. मुर्मू | 25,06449.0% | |
| 2 | एस. मुर्मू | 14,33428.0% | |
| 3 | बी.के. सोनी | 3,5757.0% | |
| 4 | पी.के. सोरेन | 3,3686.6% | |
| 5 | टी. टुडू | 1,7413.4% | |
| 6 | एस.पी. हाँसदा SUC | SUC | 1,5953.1% |
| 7 | बी. हेमरम निर्दलीय | निर्दलीय | 5891.2% |
| 8 | पी. बिसरा JKD | JKD | 4941.0% |
| 9 | आर. टुडू निर्दलीय | निर्दलीय | 4090.8% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 84% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.03 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।