रामगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1977
सच्चिदानन्द सिंह (JNP) ने 1977 के विधान सभा चुनाव में 56.4% वोट पाकर रामगढ़ सीट जीती और प्रभावती देवी (INC) को 12,857 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 228 दिनारा थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से सीट नंबर 228 घोसी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — सच्चिदानन्द सिंह 24.6% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सच्चिदानन्द सिंह जनता | जनता | 29,47256.4% |
| 2 | प्रभावती देवी | 16,61531.8% | |
| 3 | यदुबंश सिंह SSD | SSD | 2,8085.4% |
| 4 | राज नारायण हरिजन निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9473.7% |
| 5 | सरयू प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 6561.3% |
| 6 | शंभू चौबे निर्दलीय | निर्दलीय | 4360.8% |
| 7 | अनुरुद्ध पाण्डेय निर्दलीय | निर्दलीय | 3620.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JNP, INC और SSD को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.36 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
रामगढ़ से कौन जीता, 1977–2000
इसके बाद 1980 के चुनाव में यह सीट INC(I) ने जीती।