धमदाहाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1972
जय नारायण मेहता (INC) ने 1972 के विधान सभा चुनाव में 34.5% वोट पाकर धमदाहा सीट जीती और सूर्य नारायण सिंह यादव (निर्दलीय) को 6,406 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में सीट नंबर 119 रूपौली थी। 1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1977 से सीट नंबर 119 सिमरी-बख्तियारपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
11.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
10 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | जय नारायण मेहता कांग्रेस (आर) | कांग्रेस (आर) | 19,55534.5% |
| 2 | सूर्य नारायण सिंह यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 13,14923.2% |
| 3 | कालिका प्रसाद सिंह | 7,77913.7% | |
| 4 | कामेश्वर प्रसाद चौधरी | 5,79610.2% | |
| 5 | केदार नाथ चौधरी महागठबंधन | महागठबंधन | 3,5596.3% |
| 6 | ललितेश पटनायक निर्दलीय | निर्दलीय | 2,0633.6% |
| 7 | मंडल मांझी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8333.2% |
| 8 | सता कुमार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7683.1% |
| 9 | राजकिशोर प्रसाद यादव वाम दल | वाम दल | 7921.4% |
| 10 | रसीक किस्कू निर्दलीय | निर्दलीय | 4020.7% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 71% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.77 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
धमदाहा से कौन जीता, 1967–1972
INC ने यह सीट SSP से छीन ली, जिसने इसे 1969 में जीता था; INC ने यहाँ पिछली बार 1967 में जीत दर्ज की थी। मतदान प्रतिशत 1969 के 51.1% से बढ़कर 53.0% हो गया।