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असम · विधान सभा सीट नंबर 77

बिहालीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2021

रंजीत दत्त (BJP) ने 2021 के विधान सभा चुनाव में 50.9% वोट पाकर बिहाली सीट जीती और जयंत बोरा (निर्दलीय) को 29,839 वोटों से हराया।

1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 77 तेजपुर थी। 2021 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2026 से सीट नंबर 77 ढकुआखाना है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।

विजेता

रंजीत दत्त
BJP· NDA
BJP 50.9%निर्दलीय 22.6%2 अन्य + नोटा 26.5%
मिले वोट
53,583
मतों का 50.9%
जीत का अंतर
29,839
कुल वोटों का 28.4%
उम्मीदवार
4
मतदान प्रतिशत
83.5%
1,25,988 मतदाताओं में से

सुरक्षित अंतर से जीत — रंजीत दत्त 28.4% से जीते।

सीट का इतिहास

सभी उम्मीदवार

4 उम्मीदवार + नोटा
#उम्मीदवारपार्टीमिले वोट · %
1
रंजीत दत्त
NDA
NDA
53,58350.9%
2
जयंत बोरा
निर्दलीय
निर्दलीय
23,74422.6%
3
बिबेक दास
CPI(ML)(L)
CPI(ML)(L)
21,53120.5%
4
अंजन उपाध्याय
AJP
AJP
3,3433.2%
—
नोटा
नोटा
नोटा
3,0122.9%

परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।

सीट का इतिहास लोड हो रहा है…

यह सीट कितनी पक्की है?

इस सीट के आंकड़े
28.4%

जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में

कितने लोगों ने वोट डाला?

इस सीट के आंकड़े
84%

पंजीकृत मतदाताओं में से

कमज़्यादा

मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?

इस सीट के आंकड़े
दो या तीन दल

BJP, एक निर्दलीय और CPI(ML)(L) को 94% वोट मिले।

मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.82

नोटा को कितने वोट मिले?

इस सीट के आंकड़े
2.9%

वोट नोटा (“इनमें से कोई नहीं”) को मिले

कमज़्यादा

सदन में किसके पास कितनी सीटें?

इस सीट के आंकड़े
126 सीटें · बहुमत का आँकड़ा 64

वोट किस तरह बँटे?

इस सीट के आंकड़े
50.9%BJP की जीत
BJP 50.9%निर्दलीय 22.6%CPI(ML)(L) 20.5%अन्य 3.2%नोटा 2.9%

यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।

राज्य के आँकड़े पूछें

RBI 2024-25

ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।

बिहाली से कौन जीता, 1978–2021

BJP ने 2016 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 56.2% से घटकर 50.9% रह गया। यह 1991 के बाद यहाँ का सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 2016 के 86.1% से घटकर 83.5% रह गया।

  1. 1978बिष्णुलाल उपाध्याय (INC), जीत का अंतर 11.6%
  2. 1985स्वरूप उपाध्याय (INC), जीत का अंतर 24.8%
  3. 1991बरनबास तांती (INC), जीत का अंतर 42.2%
  4. 1996बरनबास तांती (INC), जीत का अंतर 14.5%
  5. 2001रंजीत दत्त (BJP), जीत का अंतर 20.6%
  6. 2006रंजीत दत्त (BJP), जीत का अंतर 11.2%
  7. 2011पल्लव लोचन दास (INC), जीत का अंतर 22.4%
  8. 2016रंजीत दत्त (BJP), जीत का अंतर 25.4%
  9. 2021रंजीत दत्त (BJP), जीत का अंतर 28.4%