काटलीछड़ाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2021
सुज़ाम उद्दीन लस्कर (AIUDF) ने 2021 के विधान सभा चुनाव में 51.8% वोट पाकर काटलीछड़ा सीट जीती और सुब्रत कुमार नाथ (BJP) को 12,971 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 7 करीमगंज दक्षिण थी। 2021 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2026 से सीट नंबर 7 गौरीपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
8.4% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
14 उम्मीदवार + नोटानाम पर टैप करें
| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सुज़ाम उद्दीन लस्कर Mahajot (Assam) (UPA गठबंधन) | Mahajot (Assam) (UPA गठबंधन) | 79,76951.8% |
| 2 | सुब्रत कुमार नाथ | 66,79843.4% | |
| 3 | संजीव राय | 2,9311.9% | |
| 4 | लुत्फ़ुर रहमान लस्कर निर्दलीय | निर्दलीय | 9060.6% |
| — | नोटा नोटा | नोटा | 7450.5% |
| 5 | राम कुमार नुनिया | 6720.4% | |
| 6 | साहब उद्दीन लस्कर निर्दलीय | निर्दलीय | 6660.4% |
| 7 | राजेश पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2690.2% |
| 8 | मोजमुल इस्लाम लस्कर निर्दलीय | निर्दलीय | 2070.1% |
| 9 | आफताब उद्दीन बरभुईया निर्दलीय | निर्दलीय | 1940.1% |
| 10 | अचाब उद्दीन बरभुईया निर्दलीय | निर्दलीय | 1900.1% |
| 11 | अहमद हुसैन बरभुईया निर्दलीय | निर्दलीय | 1820.1% |
| 12 | जोहुर उद्दीन तालुकदार निर्दलीय | निर्दलीय | 1550.1% |
| 13 | अब्दुल बासित लस्कर निर्दलीय | निर्दलीय | 1110.1% |
| 14 | बदर उद्दीन लस्कर निर्दलीय | निर्दलीय | 960.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
साफ़ जीत, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
AIUDF और BJP को 95% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.19 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
नोटा को कितने वोट मिले?
वोट नोटा (“इनमें से कोई नहीं”) को मिले
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
उम्मीदवारों ने क्या घोषित किया
उम्मीदवारों ने अपने चुनावी हलफ़नामों में आपराधिक मामले घोषित किए दर्ज मामलों का मतलब सज़ा नहीं है — किसी लंबित मामले से कोई दोषी साबित नहीं होता।
घोषित संपत्ति का मध्य मान ₹0.10 करोड़ आधे उम्मीदवारों की संपत्ति इससे कम है।
यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
काटलीछड़ा से कौन जीता, 1978–2021
AIUDF ने 2016 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 40.6% से बढ़कर 51.8% हो गया। यह 1978 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 2016 के 78.7% से बढ़कर 85.6% हो गया।
- 1978गौरी शंकर राय (INC), जीत का अंतर 5.7%
- 1983तजम्मुल अली लस्कर (IND), जीत का अंतर 9.1%
- 1985गौतम राय (तुलसी) (INC), जीत का अंतर 23.1%
- 1991गौतम राय (INC), जीत का अंतर 10.3%
- 1996गौतम राय (INC), जीत का अंतर 38.1%
- 2001गौतम राय (INC), जीत का अंतर 39.9%
- 2006गौतम राय (INC), जीत का अंतर 13.0%
- 2011गौतम राय (INC), जीत का अंतर 29.4%
- 2016सुज़ाम उद्दीन लस्कर (AIUDF), जीत का अंतर 12.1%
- 2021सुज़ाम उद्दीन लस्कर (AIUDF), जीत का अंतर 8.4%