रताबाड़ीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1972
सुरंजन नंदी (INC) ने 1972 के विधान सभा चुनाव में 38.6% वोट पाकर रताबाड़ी सीट जीती और रामदेस मलाह (निर्दलीय) को 1,271 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में भी सीट नंबर 4 का नाम रताबाड़ी था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। 1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1978 से सीट नंबर 4 करीमगंज दक्षिण है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। सुरंजन नंदी 3.5% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
5 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सुरंजन नंदी कांग्रेस (आर) | कांग्रेस (आर) | 13,93038.6% |
| 2 | रामदेस मलाह निर्दलीय | निर्दलीय | 12,65935.1% |
| 3 | काला मिया निर्दलीय | निर्दलीय | 4,48812.4% |
| 4 | मदन मोहन मुखार्जी निर्दलीय | निर्दलीय | 4,14511.5% |
| 5 | अरुण कुमार दास निर्दलीय | निर्दलीय | 8412.3% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 86% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.32 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2026 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2026 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
रताबाड़ी से कौन जीता, 1967–1972
INC ने 1967 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 64.4% से घटकर 38.6% रह गया। मतदान प्रतिशत 1967 के 56.2% से बढ़कर 56.9% हो गया।
- 1967बी. उपाध्याय (INC), जीत का अंतर 35.3%
- 1972सुरंजन नंदी (INC), जीत का अंतर 3.5%