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आंध्र प्रदेश · विधान सभा सीट नंबर 67

ताडेपल्लीगुडेमविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989

कनक सुंदर राव पसाला (TDP) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 50.6% वोट पाकर ताडेपल्लीगुडेम सीट जीती और एली वरलक्ष्मी (INC) को 1,596 वोटों से हराया।

1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में भी सीट नंबर 67 का नाम ताडेपल्लीगुडेम था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 67 चंद्रायनगुट्टा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।

विजेता

कनक सुंदर राव पसाला
TDP· राष्ट्रीय मोर्चा
TDP 50.6%INC 49.1%1 अन्य 0.3%
मिले वोट
54,938
मतों का 50.6%
जीत का अंतर
1,596
कुल वोटों का 1.5%
उम्मीदवार
3
मतदान प्रतिशत
71.5%
1,51,753 मतदाताओं में से

ताडेपल्लीगुडेम का फ़ैसला सिर्फ़ 1.5% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 1,596 से भी कम वोटों का फ़ासला था।

सीट का इतिहास

सभी उम्मीदवार

3 उम्मीदवार
#उम्मीदवारपार्टीमिले वोट · %
1
कनक सुंदर राव पसाला
राष्ट्रीय मोर्चा
राष्ट्रीय मोर्चा
54,93850.6%
2
एली वरलक्ष्मी
53,34249.1%
3
वेंकन्ना पेनुमोलु
निर्दलीय
निर्दलीय
2690.3%

परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।

नज़दीकी मुक़ाबला, असल में दो दलों का मुक़ाबला।

सीट का इतिहास लोड हो रहा है…

यह सीट कितनी पक्की है?

इस सीट के आंकड़े
1.5%

जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में

कितने लोगों ने वोट डाला?

इस सीट के आंकड़े
72%

पंजीकृत मतदाताओं में से

कमज़्यादा

मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?

इस सीट के आंकड़े
असल में दो दल

TDP और INC को 100% वोट मिले।

मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.01

सदन में किसके पास कितनी सीटें?

इस सीट के आंकड़े
294 सीटें · बहुमत का आँकड़ा 148

वोट किस तरह बँटे?

इस सीट के आंकड़े
50.6%TDP की जीत
TDP 50.6%INC 49.1%अन्य 0.3%

यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।

राज्य के आँकड़े पूछें

RBI 2024-25

ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।

ताडेपल्लीगुडेम से कौन जीता, 1978–2004

TDP ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1983 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 55.7% से घटकर 50.6% रह गया। 1978 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत लगभग 1985 जितना ही रहा: 71.5%। इसके बाद 1994 के चुनाव में भी TDP ने यह सीट अपने पास रखी।

  1. 1978चिंतलपति सीता रामा चन्द्र वर प्रसाद (INC(I)), जीत का अंतर 9.3%
  2. 1983आंजनेयुलु एली (TDP), जीत का अंतर 52.1%
  3. 1985येर्रा नारायण स्वामी (बेनर्जी) (TDP), जीत का अंतर 23.3%
  4. 1989कनक सुंदर राव पसाला (TDP), जीत का अंतर 1.5%
  5. 1994कनक सुंदरराव पसाला (TDP), जीत का अंतर 7.1%
  6. 1999यर्रा नारायणस्वामि (TDP), जीत का अंतर 9.3%
  7. 2004ओट्टु सत्यनारायण (INC), जीत का अंतर 20.4%