गिरिडीहलोक सभा चुनाव का परिणाम, 1999
रविन्द्र कुमार पाण्डेय (BJP) ने 1999 के लोक सभा चुनाव में 46.7% वोट पाकर गिरिडीह सीट जीती और राजेन्द्र प्रसाद सिंह (INC) को 19,824 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रविन्द्र कुमार पाण्डेय NDA | NDA | 2,48,45446.7% |
| 2 | राजेन्द्र प्रसाद सिंह | 2,28,63043.0% | |
| 3 | शिवा महतो JMM(U) | JMM(U) | 42,8028.0% |
| 4 | कार्तिक महतो | 6,2561.2% | |
| 5 | कमल दास | 2,9440.6% | |
| 6 | एस. एच. खान | 1,0610.2% | |
| 7 | सुषमा देवी AJBP | AJBP | 1,0080.2% |
| 8 | करम चन्द माहली निर्दलीय | निर्दलीय | 4820.1% |
| 9 | बिजय प्रसाद महतो निर्दलीय | निर्दलीय | 3990.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, INC और JMM(U) को 98% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.44 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
पुरानी सीट, जिस पर आख़िरी चुनाव 1999 में हुआ: तब से इसकी सीमाएँ बदल गईं या सीट ख़त्म हो गई, इसलिए आज के ज़िले या राज्य के आँकड़े नहीं दिखाए गए।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1999
BJP ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 1996 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 45.5% से बढ़कर 46.7% हो गया। यह 1989 के बाद यहाँ का सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1998 के 57.2% से घटकर 48.5% रह गया।
- 1977राम दास सिंह (JNP), जीत का अंतर 27.8%
- 1980विन्देश्वरी दुबे (INC(I)), जीत का अंतर 8.7%
- 1984सरफराज अहमद (INC), जीत का अंतर 34.2%
- 1989राम दास सिंह (BJP), जीत का अंतर 1.7%
- 1991बिनोद बिहारी महतो (JMM), जीत का अंतर 16.4%
- 1996रविन्द्र कुमार पाण्डेय (BJP), जीत का अंतर 15.3%
- 1998रबीन्द्र कुमार पाण्डेय (BJP), जीत का अंतर 11.0%
- 1999रविन्द्र कुमार पाण्डेय (BJP), जीत का अंतर 3.7%