शाहाबादविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
स्वामी परमानन्द दांडी (BJP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 37.1% वोट पाकर शाहाबाद सीट जीती और चन्द्र पाल सिंह (INC) को 7,069 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में भी सीट नंबर 39 का नाम शाहाबाद था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 39 कवार है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
7.8% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | स्वामी परमानन्द दांडी | 33,67937.1% | |
| 2 | चन्द्र पाल सिंह | 26,61029.3% | |
| 3 | जगन सिंह जनता दल | जनता दल | 19,46221.4% |
| 4 | बेनी राम JP | JP | 5,6656.2% |
| 5 | पृथ्वी सिंह | 1,8252.0% | |
| 6 | वीणा कुमारी निर्दलीय | निर्दलीय | 7600.8% |
| 7 | श्याम बाबू बाल्मीकि निर्दलीय | निर्दलीय | 6000.7% |
| 8 | बलबीर सिंह | 5910.7% | |
| 9 | भूकन लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 5840.6% |
| 10 | सिया राम सिंह DMM | DMM | 5460.6% |
| 11 | हरि शंकर निर्दलीय | निर्दलीय | 5180.6% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 88% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.65 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
शाहाबाद से कौन जीता, 1974–1996
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1989 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1989 के 43.4% से बढ़कर 48.0% हो गया। इसके बाद 1993 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1974बंसी धर (INC), जीत का अंतर 1.5%
- 1977जगन सिंह (JNP), जीत का अंतर 18.2%
- 1980बंशी धर (INC(I)), जीत का अंतर 1.6%
- 1985जगन सिंह (LKD), जीत का अंतर 21.5%
- 1989बंशीधर (INC), जीत का अंतर 16.0%
- 1991स्वामी परमानन्द दांडी (BJP), जीत का अंतर 7.8%
- 1993स्वामी परमा नन्द दांडी (BJP), जीत का अंतर 3.1%
- 1996स्वामी परमानन्द दांडी (SP), जीत का अंतर 9.3%