कोलविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
किशन लाल दिलेर (BJP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 56.5% वोट पाकर कोल सीट जीती और फूल सिंह (JD) को 29,808 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 374 गंगीरी थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 374 मोदीनगर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — किशन लाल दिलेर 31.9% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
13 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | किशन लाल दिलेर | 52,80056.5% | |
| 2 | फूल सिंह जनता दल | जनता दल | 22,99224.6% |
| 3 | गंगा प्रसाद | 8,8999.5% | |
| 4 | राम वीर सिंह | 5,5005.9% | |
| 5 | सुरेन्द्र कुमार सहयोगी JP | JP | 1,5281.6% |
| 6 | कृपाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4590.5% |
| 7 | दलीप निम निर्दलीय | निर्दलीय | 3530.4% |
| 8 | याद राम निर्दलीय | निर्दलीय | 2670.3% |
| 9 | भूदेव निर्दलीय | निर्दलीय | 2370.3% |
| 10 | विजय पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1520.2% |
| 11 | राम चरण पुत्र राम लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1060.1% |
| 12 | राम चरण पुत्र सरमन सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 670.1% |
| 13 | सुरेश चन्द्र जाटव निर्दलीय | निर्दलीय | 330.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
BJP, JD और INC को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.54 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
कोल से कौन जीता, 1974–1996
BJP ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1989 में जीता था; BJP ने यहाँ पिछली बार 1985 में जीत दर्ज की थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1989 के 41.3% से बढ़कर 46.3% हो गया। इसके बाद 1993 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1974पूरन चन्द (INC), जीत का अंतर 15.8%
- 1977किशन लाल दिलेर (JNP), जीत का अंतर 24.6%
- 1980पूरन चन्द (INC(I)), जीत का अंतर 7.6%
- 1985किशन लाल दिलेर (BJP), जीत का अंतर 2.3%
- 1989राम प्रसाद देशमुख (INC), जीत का अंतर 1.4%
- 1991किशन लाल दिलेर (BJP), जीत का अंतर 31.9%
- 1993किशनलाल दिलेर (BJP), जीत का अंतर 42.3%
- 1996राम सखी (BJP), जीत का अंतर 20.5%