माधौगढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1991
केशव सिंह (BJP) ने 1991 के विधान सभा चुनाव में 33.4% वोट पाकर माधौगढ़ सीट जीती और शिव राम (BSP) को 2,134 वोटों से हराया।
1974 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1969 में सीट नंबर 335 गरौठा थी। उत्तराखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2002 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2002 से सीट नंबर 335 फिरोजाबाद है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। केशव सिंह 2.3% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
23 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | केशव सिंह | 31,64833.4% | |
| 2 | शिव राम | 29,51431.1% | |
| 3 | राम दयाल दुबे | 18,92420.0% | |
| 4 | कमल प्रताप सिंह जनता दल | जनता दल | 6,1146.5% |
| 5 | विक्रम सिंह JP | JP | 3,6863.9% |
| 6 | इस्लाम निर्दलीय | निर्दलीय | 9681.0% |
| 7 | राम सेवक निर्दलीय | निर्दलीय | 8840.9% |
| 8 | बलराम निर्दलीय | निर्दलीय | 3780.4% |
| 9 | अरविन्द कुमार तिवारी निर्दलीय | निर्दलीय | 3510.4% |
| 10 | विशेश्वर दयाल निर्दलीय | निर्दलीय | 3040.3% |
| 11 | गंगा प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 2830.3% |
| 12 | महेन्द्र सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2670.3% |
| 13 | कुंवर पशुपति नाथ सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2410.3% |
| 14 | गंगा राम निर्दलीय | निर्दलीय | 2370.3% |
| 15 | राम नाथ निर्दलीय | निर्दलीय | 2370.3% |
| 16 | मुकीम खान निर्दलीय | निर्दलीय | 1860.2% |
| 17 | शोभा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1320.1% |
| 18 | विद्या धर मिश्र | 1000.1% | |
| 19 | मूल चन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 960.1% |
| 20 | दिनेश कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 910.1% |
| 21 | रामा नंदी निर्दलीय | निर्दलीय | 770.1% |
| 22 | सहदेव सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 410.0% |
| 23 | ए. असलम निर्दलीय | निर्दलीय | 340.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 84% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.93 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
माधौगढ़ से कौन जीता, 1974–1996
BJP ने यह सीट BSP से छीन ली, जिसने इसे 1989 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1974 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। 1974 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1989 के 51.4% से घटकर 49.4% रह गया। इसके बाद 1993 के चुनाव में यह सीट BSP ने जीती।
- 1974राजेन्द्र शाह (INC), जीत का अंतर 13.0%
- 1977कृष्ण कुमार (JNP), जीत का अंतर 16.0%
- 1980दलगंजन सिंह (JNP(SC)), जीत का अंतर 9.8%
- 1985राम प्रकाश सिंह (INC), जीत का अंतर 10.6%
- 1989शिव राम (BSP), जीत का अंतर 12.5%
- 1991केशव सिंह (BJP), जीत का अंतर 2.3%
- 1993शिव राम (BSP), जीत का अंतर 11.6%
- 1996संत राम सिंह (BJP), जीत का अंतर 1.5%