ख़लीलाबाद दक्षिणविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1951–52
1951–52 के विधान सभा चुनाव में ख़लीलाबाद दक्षिण से 2 सदस्य चुने गए: धनुष धारी पाण्डेय (INC) और राम सुन्दर (INC)।
1951 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1957 से सीट नंबर 294 अकबरपुर है।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — धनुष धारी पाण्डेय 22.9% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
14 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | धनुष धारी पाण्डेय | 25,70130.6% | |
| 2 | राम सुन्दर | 21,33125.4% | |
| 3 | बासदेव सिंह | 6,4887.7% | |
| 4 | मुनेश्वर RRP | RRP | 4,3445.2% |
| 5 | राम बीर निर्दलीय | निर्दलीय | 3,8334.6% |
| 6 | गिरजेश सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3,5514.2% |
| 7 | हरि शंकर RRP | RRP | 3,3324.0% |
| 8 | नरसिंह नारायण KMPP | KMPP | 2,8553.4% |
| 9 | तेमेश्वर प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 2,4062.9% |
| 10 | चन्द्रिका बख्श पाल | 2,3762.8% | |
| 11 | भीसम SP | SP | 2,0812.5% |
| 12 | रमई | 1,9182.3% | |
| 13 | चन्द्र शेखर | 1,9092.3% | |
| 14 | सूरज बली SP | SP | 1,7272.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 76% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 5.63 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।