करूरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1989
रामासामी, के.वी. (DMK) ने 1989 के विधान सभा चुनाव में 38.3% वोट पाकर करूर सीट जीती और चिन्नसामी, एम. (ADK(JL)) को 4,502 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1971 में सीट नंबर 152 पेरम्बलुर थी। 2006 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2011 से सीट नंबर 152 वृद्धाचलम है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। रामासामी, के.वी. 3.2% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
22 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रामासामी, के.वी. National Front (DMK-led, Tamil Nadu), 1989 | National Front (DMK-led, Tamil Nadu), 1989 | 54,16338.3% |
| 2 | चिन्नसामी, एम. ADK(JL) | ADK(JL) | 49,66135.2% |
| 3 | मुरुगैयन, एस. | 24,30917.2% | |
| 4 | वडिवेल, के. ADK(JR) | ADK(JR) | 9,4896.7% |
| 5 | गोपालन, एस. | 1,0480.7% | |
| 6 | रवि, एस. निर्दलीय | निर्दलीय | 7820.6% |
| 7 | शिवसामी, वी. निर्दलीय | निर्दलीय | 5200.4% |
| 8 | राजू आर. निर्दलीय | निर्दलीय | 3080.2% |
| 9 | मुरुगैयन, पी. निर्दलीय | निर्दलीय | 2210.2% |
| 10 | मणि, जी. निर्दलीय | निर्दलीय | 1120.1% |
| 11 | अप्पोवू, एम. निर्दलीय | निर्दलीय | 770.1% |
| 12 | कविदासन, पी. निर्दलीय | निर्दलीय | 760.1% |
| 13 | पलानी, एम. निर्दलीय | निर्दलीय | 740.1% |
| 14 | सेल्वम, पी. निर्दलीय | निर्दलीय | 740.1% |
| 15 | सुब्रमणि, बी. निर्दलीय | निर्दलीय | 680.1% |
| 16 | त्यागराजन, एम. निर्दलीय | निर्दलीय | 630.0% |
| 17 | अब्दुल हमीद, एम. निर्दलीय | निर्दलीय | 450.0% |
| 18 | वेंकटाचलम, ए.एल.ए. निर्दलीय | निर्दलीय | 450.0% |
| 19 | पांडियन एम. निर्दलीय | निर्दलीय | 410.0% |
| 20 | नल्लासामी, पी. निर्दलीय | निर्दलीय | 340.0% |
| 21 | वेलुसामी, के. निर्दलीय | निर्दलीय | 310.0% |
| 22 | वेलायुधम, के.के. निर्दलीय | निर्दलीय | 120.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.28 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2011 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2011 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
करूर से कौन जीता, 1977–2006
DMK ने यह सीट ADK से छीन ली, जिसने इसे 1984 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह DMK की पहली जीत थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1984 के 76.8% से घटकर 75.2% रह गया। इसके बाद 1991 के चुनाव में यह सीट ADK ने जीती।
- 1977के. वडिवेल (ADK), जीत का अंतर 12.0%
- 1980चिन्नसामी, एम. (ADK), जीत का अंतर 7.8%
- 1984के. वडिवेल (ADK), जीत का अंतर 10.2%
- 1989रामासामी, के.वी. (DMK), जीत का अंतर 3.2%
- 1991चिन्नसामी एम. (ADK), जीत का अंतर 31.9%
- 1996वासुकी मुरुगेसन (DMK), जीत का अंतर 21.7%
- 2001शिवसुब्रमण्यन टी.एन. (INC), जीत का अंतर 15.3%
- 2006सेंथिल बालाजी वी. (ADMK), जीत का अंतर 3.1%