इरनियलविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1951–52
1951–52 के विधान सभा चुनाव में इरनियल से 2 सदस्य चुने गए: ए. के. चेल्लैया (TTCP) और चिदंबरनाथ नाडार (TTCP)।
1951 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1954 से सीट नंबर 3 नागरकोइल है।
विजेता
14.8% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
12 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ए. के. चेल्लैया TTCP | TTCP | 21,74224.7% |
| 2 | चिदंबरनाथ नाडार TTCP | TTCP | 21,06124.0% |
| 3 | ब्रह्मानंदस्वामी नाडार TTP | TTP | 8,7319.9% |
| 4 | एम. रामास्वामी TTP | TTP | 7,5108.6% |
| 5 | एस. चेल्लैया | 4,8175.5% | |
| 6 | वाई. ऑगस्टीन निर्दलीय | निर्दलीय | 4,6705.3% |
| 7 | वेलु पिल्लई | 4,5785.2% | |
| 8 | ए. विवेकानंदम SP | SP | 3,7234.2% |
| 9 | एस. एम्ब्रोस निर्दलीय | निर्दलीय | 3,6824.2% |
| 10 | अरुमुघम, पी. निर्दलीय | निर्दलीय | 3,4223.9% |
| 11 | कासिंदायन नाडार, पी. SP | SP | 3,3523.8% |
| 12 | इयास एम. निर्दलीय | निर्दलीय | 5800.7% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 78% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 6.62 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 1954 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 1954 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।