भटिण्डाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1969
तेजा सिंह (SAD) ने 1969 के विधान सभा चुनाव में 35.2% वोट पाकर भटिण्डा सीट जीती और सोम चन्द (INC) को 1,746 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में सीट नंबर 100 फिल्लौर थी। 1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1977 से सीट नंबर 100 बाघा पुराना है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। तेजा सिंह 4.2% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | तेजा सिंह Akali (Shiromani Akali Dal) | Akali (Shiromani Akali Dal) | 14,79335.2% |
| 2 | सोम चन्द | 13,04731.0% | |
| 3 | हरबंस लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 6,20414.8% |
| 4 | फ़कीर चन्द PJP | PJP | 4,25610.1% |
| 5 | हरफूल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2,7786.6% |
| 6 | सेवा दास निर्दलीय | निर्दलीय | 3410.8% |
| 7 | तारा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 2270.5% |
| 8 | नानक चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 2140.5% |
| 9 | दीप चन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 1760.4% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 81% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.90 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2012 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2012 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
भटिण्डा से कौन जीता, 1967–1972
SAD ने यह सीट एक निर्दलीय उम्मीदवार से छीन ली, जिसने इसे 1967 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1967 के 65.6% से बढ़कर 66.5% हो गया। इसके बाद 1972 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।