हूविनहिप्परगीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1972
के. डी. पाटिल (NCO) ने 1972 के विधान सभा चुनाव में 58.0% वोट पाकर हूविनहिप्परगी सीट जीती और एल. आर. नाईक (INC) को 5,476 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में कोई सीट नंबर 210 नहीं थी।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — के. डी. पाटिल 17.3% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
3 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | के. डी. पाटिल | 18,33158.0% | |
| 2 | एल. आर. नाईक | 12,85540.7% | |
| 3 | गणकुमार बसय्याईरय्या | 4331.4% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
औसत मतदान प्रतिशत (86वाँ), सामान्य अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
इसी चुनाव में मैसूर की दूसरी सीटों के मुक़ाबले
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मैसूर के औसत के आसपास (216 सीटों में ऊपर से 86वाँ)
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
NCO और INC को 99% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.99 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
हूविनहिप्परगी से कौन जीता, 1967–1972
NCO ने यह सीट INC से छीन ली, जिसने इसे 1967 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1967 के 54.4% से बढ़कर 65.4% हो गया।
- 1967पी. जी. निंगनागौंडा (INC), जीत का अंतर 36.6%
- 1972के. डी. पाटिल (NCO), जीत का अंतर 17.3%