बीजापुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1957
नागूर डॉ. सरदार बसवराज (निर्दलीय) ने 1957 के विधान सभा चुनाव में 50.9% वोट पाकर बीजापुर सीट जीती और मधलदार गौस मोहिद्दीन बंदगी साहेब (INC) को 3,832 वोटों से हराया।
1957 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1951 में सीट नंबर 45 मैसूर शहर उत्तर थी। 1957 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 से सीट नंबर 45 बेलगाम II है।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — नागूर डॉ. सरदार बसवराज 16.5% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
5 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | नागूर डॉ. सरदार बसवराज निर्दलीय | निर्दलीय | 11,82750.9% |
| 2 | मधलदार गौस मोहिद्दीन बंदगी साहेब | 7,99534.4% | |
| 3 | बालसिंग नबीसा मुक्तुमसा | 1,9698.5% | |
| 4 | महिंद्राकर मनोहर धोंडीबा | 1,2065.2% | |
| 5 | शिरिवालमठ मरुलराध्य शास्त्री शांतवीरय्या निर्दलीय | निर्दलीय | 2551.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
एक निर्दलीय, INC और CPI को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.58 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 1967 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 1967 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।