अशोकनगरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1967
मुल्तानमल (SWA) ने 1967 के विधान सभा चुनाव में 70.9% वोट पाकर अशोकनगर सीट जीती और एस. सिंह (INC) को 21,778 वोटों से हराया।
1967 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1962 में भी सीट नंबर 30 का नाम अशोकनगर था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। 1972 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1977 से सीट नंबर 30 चाचौड़ा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — मुल्तानमल 49.4% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मुल्तानमल स्वतंत्र पार्टी | स्वतंत्र पार्टी | 31,26470.9% |
| 2 | एस. सिंह | 9,48621.5% | |
| 3 | आर. सिंह | 1,2542.9% | |
| 4 | आर.पी. पराशर निर्दलीय | निर्दलीय | 9822.2% |
| 5 | जी. प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 5521.3% |
| 6 | जी. सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3280.7% |
| 7 | सी. परमानन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 2030.5% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
SWA और INC को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.81 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
अशोकनगर से कौन जीता, 1967–1972
इसके बाद 1972 के चुनाव में यह सीट BJS ने जीती।
- 1967मुल्तानमल (SWA), जीत का अंतर 49.4%
- 1972महेन्द्र सिंह (BJS), जीत का अंतर 19.8%