नरसापुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1951–52
1951–52 के विधान सभा चुनाव में नरसापुर से 2 सदस्य चुने गए: पडेला श्यामसुंदरा राव (CPI) और भूपतिराजू लक्ष्मीनरसराजू (CPI)।
1951 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1957 से सीट नंबर 43 सेलम II है।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — पडेला श्यामसुंदरा राव 22.6% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | पडेला श्यामसुंदरा राव | 89,55733.1% | |
| 2 | भूपतिराजू लक्ष्मीनरसराजू | 50,74618.8% | |
| 3 | गोट्टुमक्कला वेंकन्ना KMPP | KMPP | 28,31810.5% |
| 4 | दासरी पेरुमल्लु | 27,51210.2% | |
| 5 | अल्लूरी सत्यनारायराजू | 27,01610.0% | |
| 6 | ग्रंधि वेंकटरेड्डी नायुडु KMPP | KMPP | 26,8949.9% |
| 7 | गंटा अरुणा कुमार | 9,1743.4% | |
| 8 | इंदुकुरी चिन्ना सत्यराघवराजू SP | SP | 5,5502.0% |
| 9 | पिल्ली चार्ल्स निर्दलीय | निर्दलीय | 2,4200.9% |
| 10 | कुमार लक्ष्मी नरसिम्हाराजू बहादुर निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8310.7% |
| 11 | वास्का सुब्रमण्यम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4440.5% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 5.33 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 1967 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 1967 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।