विरुधुनगरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1951–52
रामास्वामी (निर्दलीय) ने 1951–52 के विधान सभा चुनाव में 46.7% वोट पाकर विरुधुनगर सीट जीती और शंकरपांडिया नाडार (INC) को 504 वोटों से हराया।
1951 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1957 से कोई सीट नंबर 250 नहीं है।
विजेता
विरुधुनगर का फ़ैसला सिर्फ़ 1.0% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 504 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
4 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रामास्वामी निर्दलीय | निर्दलीय | 22,81146.7% |
| 2 | शंकरपांडिया नाडार | 22,30745.6% | |
| 3 | दोरास्वामी नाडार निर्दलीय | निर्दलीय | 2,0764.3% |
| 4 | रंगास्वामी रेड्डियार SP | SP | 1,6843.5% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
एक निर्दलीय, INC और एक निर्दलीय को 97% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.33 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।