राजनांदगांवविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2003
उदय मुदलियार (INC) ने 2003 के विधान सभा चुनाव में 37.9% वोट पाकर राजनांदगांव सीट जीती और लीलाराम भोजवानी (BJP) को 40 वोटों से हराया।
2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 86 जगदलपुर है।
विजेता
राजनांदगांव का फ़ैसला सिर्फ़ 0.0% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 40 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | उदय मुदलियार | 43,08137.9% | |
| 2 | लीलाराम भोजवानी NDA | NDA | 43,04137.9% |
| 3 | अशोक चौधरी | 16,94414.9% | |
| 4 | बी.पी. मेश्राम | 3,5493.1% | |
| 5 | विनोद जैन निर्दलीय | निर्दलीय | 2,0311.8% |
| 6 | लखन लाल साहू निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5491.4% |
| 7 | मेघदास वैष्णव CMM | CMM | 1,1771.0% |
| 8 | वामनराव बागडे | 7350.7% | |
| 9 | चमेली यादव डी.आर. यादव NDA | NDA | 7280.6% |
| 10 | रामचंद निर्दलीय | निर्दलीय | 4850.4% |
| 11 | दिनेश दास | 4070.4% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.22 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।