अभनपुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2003
धनेन्द्र साहू (INC) ने 2003 के विधान सभा चुनाव में 44.3% वोट पाकर अभनपुर सीट जीती और चन्द्रशेखर साहू (चम्पू भैया) (BJP) को 227 वोटों से हराया।
2003 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2008 से सीट नंबर 42 महासमुन्द है।
विजेता
अभनपुर का फ़ैसला सिर्फ़ 0.2% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 227 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | धनेन्द्र साहू | 51,12244.3% | |
| 2 | चन्द्रशेखर साहू (चम्पू भैया) NDA | NDA | 50,89544.1% |
| 3 | कैलाश मिश्रा | 5,5194.8% | |
| 4 | अमर सिंह निषाद | 2,9342.5% | |
| 5 | टिकेन्द्र ठाकुर | 2,2912.0% | |
| 6 | हेमन्त कुमार टंडन निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6151.4% |
| 7 | शेखू राम बंजारे निर्दलीय | निर्दलीय | 9570.8% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, BJP और NCP को 93% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.53 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2008 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2008 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।