बरारीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2025
बिजय सिंह (JD(U)) ने 2025 के विधान सभा चुनाव में 47.2% वोट पाकर बरारी सीट जीती और तौकीर आलम (INC) को 10,984 वोटों से हराया।
2010 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2005 में सीट नंबर 68 बथनाहा थी। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। बिजय सिंह 4.8% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
14 उम्मीदवार + नोटानाम पर टैप करें
| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बिजय सिंह NDA | NDA | 1,07,84247.2% |
| 2 | तौकीर आलम | 96,85842.4% | |
| 3 | मो. मतीउर रहमान | 5,8462.6% | |
| 4 | शिवपुजन पासवान निर्दलीय | निर्दलीय | 4,9622.2% |
| — | नोटा नोटा | नोटा | 3,0471.3% |
| 5 | प्रीतम प्रसून | 3,0261.3% | |
| 6 | सत्य नारायण अग्रवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5770.7% |
| 7 | राज किशोर यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4530.6% |
| 8 | द्वारिका मंडल | 1,2710.6% | |
| 9 | मो. नसीम निर्दलीय | निर्दलीय | 7440.3% |
| 10 | मो. मोजाहीद आलम निर्दलीय | निर्दलीय | 5460.2% |
| 11 | निरंजन कुमार झा निर्दलीय | निर्दलीय | 4200.2% |
| 12 | मो. महबूब BHJJP | BHJJP | 3780.2% |
| 13 | अरुण कुमार जायसवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 3690.2% |
| 14 | रतन कुमार VVCIP | VVCIP | 2550.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
ऊँचा मतदान प्रतिशत (दूसरा), औसत से ज़्यादा नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
इसी चुनाव में बिहार की दूसरी सीटों के मुक़ाबले
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
बिहार में सबसे ज़्यादा मतदान वाली सीटों में (243 सीटों में ऊपर से दूसरा)
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
JD(U), INC और AIMIM को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.48 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
नोटा को कितने वोट मिले?
वोट नोटा (“इनमें से कोई नहीं”) को मिले
बिहार की 243 सीटों में ऊपर से 169वाँ
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
उम्मीदवारों ने क्या घोषित किया
उम्मीदवारों ने अपने चुनावी हलफ़नामों में आपराधिक मामले घोषित किए दर्ज मामलों का मतलब सज़ा नहीं है — किसी लंबित मामले से कोई दोषी साबित नहीं होता।
घोषित संपत्ति का मध्य मान ₹0.61 करोड़ आधे उम्मीदवारों की संपत्ति इससे कम है।
कटिहार ज़िला · 30.7 लाख लोग · जनगणना 2011
मखाना, जूट और मक्का के लिए प्रसिद्ध।
यह ज़िलाटूटी रेखा = भारत
यहाँ कौन रहता है?
यहाँ कौन-कौन से धर्म माने जाते हैं?
- हिंदू54.9%
- मुस्लिम44.5%
- ईसाई0.3%
- सिख0.1%
- जैन<0.1%
- बौद्ध<0.1%
- अन्य धर्म (आदिवासी आस्थाओं समेत)0.1%
- नहीं बताया0.2%
नल में पानी, बिजली और शौचालय वाले घर
सेहत और परिवार
आसपास के प्रसिद्ध स्थान
प्रसिद्ध स्थानों के आँकड़े: Wikidata (CC0) · ASI (भारत सरकार, आधिकारिक)। तस्वीरें: Wikimedia Commons (हर फ़ाइल का अपना CC / पब्लिक-डोमेन लाइसेंस, हर फ़ाइल देखें)। नक्शे का डेटा © OpenStreetMap contributors.
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
बरारी से कौन जीता, 2010–2025
JD(U) ने 2020 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 44.7% से बढ़कर 47.2% हो गया। 2010 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 2020 के 67.2% से बढ़कर 81.7% हो गया।