शिवहरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 2005
अजीत कुमार झा (RJD) ने 2005 के विधान सभा चुनाव में 32.8% वोट पाकर शिवहर सीट जीती और ठाकुर रत्नाकर (JD(U)) को 205 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 66 रुन्नीसैदपुर थी। 2005 में, झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, जब सीटों के नंबर बदले गए, तब भी इसका नंबर वही रहा। 2005 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2010 से सीट नंबर 66 प्राणपुर है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
शिवहर का फ़ैसला सिर्फ़ 0.2% के बेहद मामूली अंतर से हुआ — विजेता और दूसरे नंबर पर रहे उम्मीदवार के बीच 205 से भी कम वोटों का फ़ासला था।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
12 उम्मीदवारनाम पर टैप करें
| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | अजीत कुमार झा UPA | UPA | 31,33132.8% |
| 2 | ठाकुर रत्नाकर NDA | NDA | 31,12632.6% |
| 3 | शरफुद्दीन | 17,96418.8% | |
| 4 | सुरेश कुमार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4,1584.4% |
| 5 | मनोज उपाध्याय निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8682.0% |
| 6 | अमरेन्द्र कुमार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,8461.9% |
| 7 | शत्रुधन गिरी ANC | ANC | 1,5721.6% |
| 8 | राम निवास सिंह | 1,5391.6% | |
| 9 | कामेश्वर प्रसाद सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2891.3% |
| 10 | अब्दुर रहमान निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0751.1% |
| 11 | कु. केशव सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 9711.0% |
| 12 | अरविन्द यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 7680.8% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 84% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.95 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
उम्मीदवारों ने क्या घोषित किया
उम्मीदवारों ने अपने चुनावी हलफ़नामों में आपराधिक मामले घोषित किए दर्ज मामलों का मतलब सज़ा नहीं है — किसी लंबित मामले से कोई दोषी साबित नहीं होता।
घोषित संपत्ति का मध्य मान ₹0.07 करोड़ आधे उम्मीदवारों की संपत्ति इससे कम है।
यह सीट नंबर 2010 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2010 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
शिवहर से कौन जीता, 1977–2005
RJD ने यहाँ लगातार तीसरी बार जीत दर्ज की; जीत का यह सिलसिला 2000 में शुरू हुआ था। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 26.7% से बढ़कर 32.8% हो गया। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 2005 (फ़रवरी) के 46.9% से घटकर 45.3% रह गया।
- 1977रघुनाथ झा (INC), जीत का अंतर 16.4%
- 1980रघुनाथ झा (INC(I)), जीत का अंतर 8.3%
- 1985रघुनाथ झा (JNP), जीत का अंतर 24.3%
- 1990रघुनाथ झा (JD), जीत का अंतर 26.0%
- 1995रघुनाथ झा (JD), जीत का अंतर 29.1%
- 2000सत्य ना. प्रसाद (RJD), जीत का अंतर 4.8%
- 2005 (फ़रवरी)अजीत कुमार झा (RJD), जीत का अंतर 5.6%
- 2005 (अक्टूबर)अजीत कुमार झा (RJD), जीत का अंतर 0.2%