गांडेयविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
सालखन सोरेन (JMM) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 36.2% वोट पाकर गांडेय सीट जीती और लक्ष्मण स्वर्णकार (BJP) को 3,988 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 274 चंदनकियारी थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 274 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। सालखन सोरेन 4.8% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सालखन सोरेन | 30,23836.2% | |
| 2 | लक्ष्मण स्वर्णकार | 26,25031.4% | |
| 3 | वसीम उल्लाह | 10,78912.9% | |
| 4 | नन्द लाल गोपे IPF | IPF | 5,6156.7% |
| 5 | मो. याकूब वाम दल | वाम दल | 5,4986.6% |
| 6 | भुनेश्वर राणा राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 3,2123.9% |
| 7 | लाल गोबिन्द सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 6730.8% |
| 8 | इंद्रजीत सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4080.5% |
| 9 | पूर्णेतम कु पहाड़ी BBP | BBP | 3160.4% |
| 10 | सरजुग पाण्डेय निर्दलीय | निर्दलीय | 2880.3% |
| 11 | अरुण कुमार हजरा निर्दलीय | निर्दलीय | 1920.2% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 81% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.89 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
गांडेय से कौन जीता, 1977–2000
JMM ने 1985 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 33.6% से बढ़कर 36.2% हो गया। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1985 के 51.4% से बढ़कर 58.6% हो गया। इसके बाद 1995 के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।