मखदुमपुरविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1990
राम जतन सिन्हा (INC) ने 1990 के विधान सभा चुनाव में 45.6% वोट पाकर मखदुमपुर सीट जीती और अनिल कुमार (JD) को 19,141 वोटों से हराया।
1977 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 244 रफीगंज थी। झारखंड के अलग राज्य बनने के बाद, 2005 के चुनाव के लिए सीटों के नंबर बदले गए। 2005 से कोई सीट नंबर 244 नहीं है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
14.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
23 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | राम जतन सिन्हा | 60,97445.6% | |
| 2 | अनिल कुमार राष्ट्रीय मोर्चा | राष्ट्रीय मोर्चा | 41,83331.3% |
| 3 | शिव कुमारी IPF | IPF | 20,41015.3% |
| 4 | तिलक देव शर्मा | 4,5463.4% | |
| 5 | ललित मोहन प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 2,1441.6% |
| 6 | अशोक कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1770.9% |
| 7 | कामेश्वर यादव BKUS | BKUS | 5440.4% |
| 8 | कृष कान्त शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 4610.3% |
| 9 | विजय राय निर्दलीय | निर्दलीय | 3200.2% |
| 10 | विजय मिश्रा | 2730.2% | |
| 11 | दीन दयाल यादव SSD | SSD | 2100.2% |
| 12 | सत्येन्द्र नारायण सिंह BBP | BBP | 1530.1% |
| 13 | विन्देश्वरी सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1130.1% |
| 14 | विवेका नन्द निर्दलीय | निर्दलीय | 1120.1% |
| 15 | अनिल कुमार आजाद निर्दलीय | निर्दलीय | 880.1% |
| 16 | बृज बल्लभ सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 540.0% |
| 17 | राम देव प्रसाद सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 370.0% |
| 18 | विश्वनाथ यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 330.0% |
| 19 | रमेश कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 310.0% |
| 20 | लाल देव प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 310.0% |
| 21 | मोजिबुल रहमान निर्दलीय | निर्दलीय | 260.0% |
| 22 | श्रीराम प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 240.0% |
| 23 | राम दयाल शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 170.0% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.02 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
मखदुमपुर से कौन जीता, 1977–2000
INC ने 1985 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 49.1% से घटकर 45.6% रह गया। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1985 के 79.2% से घटकर 76.7% रह गया। इसके बाद 1995 के चुनाव में यह सीट JD ने जीती।