मोकामाविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1951–52
जगदीश नारायण सिन्हा (INC) ने 1951–52 के विधान सभा चुनाव में 38.4% वोट पाकर मोकामा सीट जीती और चन्द्र शेखर सिन्हा (निर्दलीय) को 3,085 वोटों से हराया।
1951 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1957 से सीट नंबर 10 मोतिहारी है।
विजेता
13.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | जगदीश नारायण सिन्हा | 8,89238.4% | |
| 2 | चन्द्र शेखर सिन्हा निर्दलीय | निर्दलीय | 5,80725.1% |
| 3 | शिव नन्दन प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 4,18918.1% |
| 4 | सुखदेव महतो निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0134.4% |
| 5 | परमानंद स्वामी RRP | RRP | 9964.3% |
| 6 | श्यामबिहारी प्रसाद | 7053.0% | |
| 7 | चिरंजीब सिन्हा निर्दलीय | निर्दलीय | 5152.2% |
| 8 | द्वारका प्रसाद निर्दलीय | निर्दलीय | 3291.4% |
| 9 | लक्ष्मी महतो निर्दलीय | निर्दलीय | 2811.2% |
| 10 | राम चरित राऊत निर्दलीय | निर्दलीय | 2241.0% |
| 11 | कान्त लाल सिन्हा निर्दलीय | निर्दलीय | 1880.8% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 82% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.01 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 1962 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 1962 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।