इंडी सिंदगीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1951–52
1951–52 के विधान सभा चुनाव में इंडी सिंदगी से 2 सदस्य चुने गए: सुरपुर मल्लप्पा करबसप्पा (INC) और कबाडी जट्टेप्पा लक्ष्मण (INC)।
1951 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1957 से सीट नंबर 219 श्रीगोंदा है।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — सुरपुर मल्लप्पा करबसप्पा 30.0% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सुरपुर मल्लप्पा करबसप्पा | 30,32236.6% | |
| 2 | कबाडी जट्टेप्पा लक्ष्मण | 30,23136.5% | |
| 3 | हुजारे बाबू रामा | 5,4576.6% | |
| 4 | काले रवप्पा सोमप्पा निर्दलीय | निर्दलीय | 4,5365.5% |
| 5 | शिरवालामठ मरुलाराध्य शांतवीराया | 3,3624.0% | |
| 6 | जानकर संगप्पा गंगावा निर्दलीय | निर्दलीय | 3,0373.7% |
| 7 | होलेर यमनप्प परमन्न निर्दलीय | निर्दलीय | 2,7753.4% |
| 8 | होलेर धर्माना भीमन्ना निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6732.0% |
| 9 | बिराजदार ईश्वरप्पा धुलप्पा निर्दलीय | निर्दलीय | 1,5451.9% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 85% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.59 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 1957 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 1957 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।