महबूबाबादविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1999
भद्रय्या श्रीराम (TDP) ने 1999 के विधान सभा चुनाव में 37.0% वोट पाकर महबूबाबाद सीट जीती और राजवर्धन रेड्डी वेदवल्ली (INC) को 12,428 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में सीट नंबर 265 हसनपर्थी थी। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 265 आदोनी है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
9.9% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | भद्रय्या श्रीराम NDA | NDA | 46,53837.0% |
| 2 | राजवर्धन रेड्डी वेदवल्ली | 34,11027.1% | |
| 3 | जन्ना रेड्डी भरतचंद रेड्डी निर्दलीय | निर्दलीय | 29,14123.2% |
| 4 | बंडी पुल्लय्या | 8,3336.6% | |
| 5 | मंडला वेंकन्ना निर्दलीय | निर्दलीय | 3,4402.7% |
| 6 | बदावत सक्रम MCPI(S) | MCPI(S) | 3,1022.5% |
| 7 | चित्तारी भाग्यलक्ष्मी ATDP | ATDP | 4970.4% |
| 8 | धर्म रेड्डी पालवाई | 3420.3% | |
| 9 | पी. महेंदर रेड्डी AJBP | AJBP | 1550.1% |
ज़मानत ज़ब्त: उम्मीदवार को कुल वैध वोटों के छठे हिस्से से कम वोट मिले, इसलिए जन प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 158 के तहत उसकी ज़मानत राशि ज़ब्त हो जाती है।
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 87% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.70 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
महबूबाबाद से कौन जीता, 1978–2004
TDP ने यह सीट CPI से छीन ली, जिसने इसे 1994 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1978 से शुरू होता है, यह TDP की पहली जीत थी। यह 1983 के बाद यहाँ का सबसे एकतरफ़ा नतीजा था। मतदान प्रतिशत 1994 के 75.8% से घटकर 74.3% रह गया। इसके बाद 2004 के चुनाव में भी TDP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1978जानारेड्डी जनार्धन रेड्डी (INC), जीत का अंतर 4.5%
- 1983जानारेड्डी जनार्धन रेड्डी (INC), जीत का अंतर 19.4%
- 1985जन्ना रेड्डी जनार्धन रेड्डी (INC), जीत का अंतर 9.0%
- 1989जे. जनार्धन रेड्डी (INC), जीत का अंतर 3.1%
- 1994बंडी पुल्लय्या (CPI), जीत का अंतर 8.5%
- 1999भद्रय्या श्रीराम (TDP), जीत का अंतर 9.9%
- 2004ई. एम. नरेन्द्र रेड्डी (TDP), जीत का अंतर 2.3%