देंदुलूरुविधान सभा उपचुनाव का परिणाम, 1991
वी.डी. मोगंटी (डब्ल्यू.) (INC) ने 1991 के विधान सभा उपचुनाव में 52.0% वोट पाकर देंदुलूरु सीट जीती और जी.एस. राव (TDP) को 5,194 वोटों से हराया।
1978 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1972 में भी सीट नंबर 69 का नाम देंदुलूरु था, तब सीमाएँ पुरानी थीं। 2004 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 2009 से सीट नंबर 69 बहादुरपुरा है। इस इलाक़े के पहले के परिणामों के लिए सीट का इतिहास देखें।
विजेता
5.3% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | वी.डी. मोगंटी (डब्ल्यू.) | 50,64052.0% | |
| 2 | जी.एस. राव | 45,44646.7% | |
| 3 | एस.आर. नज़ीरेड्डी | 3100.3% | |
| 4 | जी.एस. राव निर्दलीय | निर्दलीय | 3090.3% |
| 5 | डी.वी.आर. चौधरी (सिद्धांती) JP | JP | 2250.2% |
| 6 | ओ.एस.आर. कुमार | 1210.1% | |
| 7 | एम.वी. रत्नम निर्दलीय | निर्दलीय | 1150.1% |
| 8 | आर. मोशे निर्दलीय | निर्दलीय | 1050.1% |
| 9 | ए. मोहन (जे. मोहर) निर्दलीय | निर्दलीय | 280.0% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और TDP को 99% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.04 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
देंदुलूरु से कौन जीता, 1978–2004
- 1978नीलम चार्ल्स (INC(I)), जीत का अंतर 11.2%
- 1983गारपाटि सांबशिव राव (TDP), जीत का अंतर 36.2%
- 1985गारपाटि सांबशिव राव (TDP), जीत का अंतर 23.9%
- 1989मागंटी रविन्द्र नाथ चौदरि (INC), जीत का अंतर 18.4%
- 1994गारपाटि सांबशिव राव (TDP), जीत का अंतर 27.6%
- 1999गारपाटि सांबशिव राव (TDP), जीत का अंतर 7.7%
- 2004अगंटी वेंकटेश्वरा राव (बाबू) (INC), जीत का अंतर 10.7%