उदयगिरिविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1955
शेख मौला साहेब (INC) ने 1955 के विधान सभा चुनाव में 35.4% वोट पाकर उदयगिरि सीट जीती और कोटापति गुरुस्वामी रेड्डी (CPI) को 578 वोटों से हराया।
1955 के बाद सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। शेख मौला साहेब 2.4% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
6 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | शेख मौला साहेब | 8,44635.4% | |
| 2 | कोटापति गुरुस्वामी रेड्डी | 7,86833.0% | |
| 3 | कोटा वेंकट रंगम निर्दलीय | निर्दलीय | 2,57010.8% |
| 4 | सुंकरी वेंकटनरसय्या निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9788.3% |
| 5 | अनिमिरेड्डी रामी रेड्डी | 1,6556.9% | |
| 6 | थाथापुडी डेविड निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3485.7% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 79% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.84 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।