कलकत्ता उत्तर पूर्वलोक सभा चुनाव का परिणाम, 1984
अजीत कुमार पांजा (INC) ने 1984 के लोक सभा चुनाव में 57.1% वोट पाकर कलकत्ता उत्तर पूर्व सीट जीती और सुनील मैत्र (CPM) को 88,576 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
12 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | अजीत कुमार पांजा | 2,84,32457.1% | |
| 2 | सुनील मैत्र वाम मोर्चा | वाम मोर्चा | 1,95,74839.3% |
| 3 | निर्मलेंदु दे जनता / लोक दल | जनता / लोक दल | 5,4881.1% |
| 4 | मो. समसुद्दीन | 3,5910.7% | |
| 5 | कनाईलाल चौधुरी निर्दलीय | निर्दलीय | 2,0850.4% |
| 6 | अमलेंदु राय निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6230.3% |
| 7 | राजेश गुप्ता निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1550.2% |
| 8 | रवींद्रनाथ दासगुप्ता निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0880.2% |
| 9 | कनाईलाल बोस निर्दलीय | निर्दलीय | 7600.1% |
| 10 | नीलिमा नंदी निर्दलीय | निर्दलीय | 7380.1% |
| 11 | धीरेंद्रनाथ चटर्जी निर्दलीय | निर्दलीय | 6900.1% |
| 12 | रबिन मुखार्जी निर्दलीय | निर्दलीय | 5860.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC और CPM को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.08 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1984
INC ने यह सीट CPM से छीन ली, जिसने इसे 1980 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह INC की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1980 के 53.9% से बढ़कर 70.2% हो गया।