पूर्णियालोक सभा चुनाव का परिणाम, 1971
मोहम्मद ताहिर (INC) ने 1971 के लोक सभा चुनाव में 27.7% वोट पाकर पूर्णिया सीट जीती और ज़ेड. ए. अहमद (CPI) को 20,164 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | मोहम्मद ताहिर | 56,97727.7% | |
| 2 | ज़ेड. ए. अहमद | 36,81317.9% | |
| 3 | फनी गोपाल सेन गुप्ता | 33,84616.5% | |
| 4 | देवनाथ राय | 31,76315.5% | |
| 5 | सूर्य एन. सिंह यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 12,9546.3% |
| 6 | अब्दुल रजाक निर्दलीय | निर्दलीय | 12,4456.1% |
| 7 | शिव चरण मेहता HSD | HSD | 6,7723.3% |
| 8 | शालि ग्राम सिंह तोमर निर्दलीय | निर्दलीय | 4,8712.4% |
| 9 | देवनारायण मंडल निर्दलीय | निर्दलीय | 3,7031.8% |
| 10 | प्रद्युम्न नारायण सिंह PBI | PBI | 3,1781.6% |
| 11 | उचित पासवान निर्दलीय | निर्दलीय | 2,1561.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 62% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 5.88 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1962–1971
1962 से यहाँ हर चुनाव INC ने जीता है: यह लगातार उसकी तीसरी जीत थी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 31.5% से घटकर 27.7% रह गया। मतदान प्रतिशत 1967 के 51.2% से घटकर 38.8% रह गया।