बस्सीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1954
बेअंत सिंह (SAD(MG)) ने 1954 के विधान सभा चुनाव में 49.7% वोट पाकर बस्सी सीट जीती और अछरा सिंह (INC) को 1,004 वोटों से हराया।
1954 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1951 में सीट नंबर 5 रामां थी।
विजेता
नज़दीकी मुक़ाबला। बेअंत सिंह 4.0% के अंतर से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
7 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | बेअंत सिंह SAD(MG) | SAD(MG) | 12,45849.7% |
| 2 | अछरा सिंह | 11,45445.7% | |
| 3 | बख्शीश सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 5622.2% |
| 4 | नौरता राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1720.7% |
| 5 | गुरदयाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1650.7% |
| 6 | मघर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1300.5% |
| 7 | गंगा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1220.5% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
ऊँचा मतदान प्रतिशत (दसवाँ), औसत से ज़्यादा नज़दीकी मुक़ाबला, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
इसी चुनाव में पटियाला और पूर्वी पंजाब राज्य संघ की दूसरी सीटों के मुक़ाबले
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
पटियाला और पूर्वी पंजाब राज्य संघ में सबसे ज़्यादा मतदान वाली सीटों में (48 सीटों में ऊपर से दसवाँ)
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
SAD(MG) और INC को 95% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.19 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।