नालागढ़विधान सभा चुनाव का परिणाम, 1954
सुरिंदर सिंह (INC) ने 1954 के विधान सभा चुनाव में 91.4% वोट पाकर नालागढ़ सीट जीती और किशोर लाल (निर्दलीय) को 17,388 वोटों से हराया।
1954 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1951 में सीट नंबर 1 फरीदकोट थी।
विजेता
सुरक्षित अंतर से जीत — सुरिंदर सिंह 82.9% से जीते।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
2 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | सुरिंदर सिंह | 19,18591.4% | |
| 2 | किशोर लाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7978.6% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
ऊँचा मतदान प्रतिशत (पाँचवाँ), सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
इसी चुनाव में पटियाला और पूर्वी पंजाब राज्य संघ की दूसरी सीटों के मुक़ाबले
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
पटियाला और पूर्वी पंजाब राज्य संघ में सबसे ज़्यादा मतदान वाली सीटों में (48 सीटों में ऊपर से पाँचवाँ)
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC को 91% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.19 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।