सावलीविधान सभा चुनाव का परिणाम, 1957
1957 के विधान सभा चुनाव में सावली से 2 सदस्य चुने गए: अमीन जसभाई हाथीभाई (INC) और सोलंकी रामचंद्र छीताभाई (INC)।
1957 के चुनाव से पहले सीटों की सीमाएँ नए सिरे से तय की गईं। 1951 में सीट नंबर 96 रोहा सुधागड थी।
विजेता
13.2% के अंतर से साफ़ जीत।
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
6 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | अमीन जसभाई हाथीभाई | 40,71231.5% | |
| 2 | सोलंकी रामचंद्र छीताभाई | 37,19428.8% | |
| 3 | परमार प्रभातसिंह जोरभाई निर्दलीय | निर्दलीय | 23,71618.4% |
| 4 | आचार्य तुलसीदास मूलदास निर्दलीय | निर्दलीय | 17,60113.6% |
| 5 | परमार सोमाभाई सरदार सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 6,0564.7% |
| 6 | सोलंकी मणीलाल पुरूषोत्तम निर्दलीय | निर्दलीय | 3,9163.0% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
औसत मतदान प्रतिशत (176वाँ), सामान्य अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
इसी चुनाव में बम्बई की दूसरी सीटों के मुक़ाबले
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
बम्बई के औसत के आसपास (339 सीटों में ऊपर से 176वाँ)
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 92% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.21 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
सदन में किसके पास कितनी सीटें?
वोट किस तरह बँटे?
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।