हरदोईलोक सभा चुनाव का परिणाम, 1999
जय प्रकाश (ABLTC) ने 1999 के लोक सभा चुनाव में 37.2% वोट पाकर हरदोई सीट जीती और उषा वर्मा (SP) को 5,404 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
9 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | जय प्रकाश ABLTC | ABLTC | 2,06,25637.2% |
| 2 | उषा वर्मा | 2,00,85236.2% | |
| 3 | गिरेंद्र पाल सिंह | 1,22,72822.1% | |
| 4 | दिलीप कुमार मुन्ना | 16,2032.9% | |
| 5 | डॉ. महेश प्रसाद AD | AD | 4,1310.7% |
| 6 | रामेश्वर दयाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2,1700.4% |
| 7 | अर्जुन निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4220.3% |
| 8 | अवधेश निर्दलीय | निर्दलीय | 7820.1% |
| 9 | जितेन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 4410.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 95% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.14 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
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RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1999
ABLTC ने यह सीट SP से छीन ली, जिसने इसे 1998 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह ABLTC की पहली जीत थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत लगभग 1998 जितना ही रहा: 51.7%।
- 1977परमाई लाल (JNP), जीत का अंतर 37.6%
- 1980मन्नी लाल (INC(I)), जीत का अंतर 21.5%
- 1984किंदर लाल (INC), जीत का अंतर 16.5%
- 1989परमाई लाल (JD), जीत का अंतर 5.3%
- 1991जय प्रकाश (BJP), जीत का अंतर 8.9%
- 1996जयप्रकाश (BJP), जीत का अंतर 5.8%
- 1998उषा वर्मा (SP), जीत का अंतर 2.8%
- 1999जय प्रकाश (ABLTC), जीत का अंतर 1.0%