फैजाबादलोक सभा चुनाव का परिणाम, 1991
विनय कटियार (BJP) ने 1991 के लोक सभा चुनाव में 37.7% वोट पाकर फैजाबाद सीट जीती और मित्रसेन यादव (CPI) को 57,563 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
30 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | विनय कटियार | 1,69,57137.7% | |
| 2 | मित्रसेन यादव | 1,12,00824.9% | |
| 3 | निर्मल खत्री | 61,49013.7% | |
| 4 | राम केवल उर्फ़ आर.के. चौधरी | 52,54611.7% | |
| 5 | राम प्रकाश सिंह JP | JP | 18,3194.1% |
| 6 | प्रेम नाथ वर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 4,4051.0% |
| 7 | मनोज कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 2,7860.6% |
| 8 | परवेज़ अख्तर निर्दलीय | निर्दलीय | 2,6400.6% |
| 9 | चन्द्र प्रकाश लखमनी उर्फ़ चंदू बोर्डे निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9800.4% |
| 10 | होट्टे पक्ष रंगास्वामी उर्फ़ एस.आर. पुरी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,9780.4% |
| 11 | कुंवर सुरेश सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7100.4% |
| 12 | प्रताप नारायण तिवारी निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7070.4% |
| 13 | किशोरी दास निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6180.4% |
| 14 | मुसर्रत निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4850.3% |
| 15 | परशुराम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4160.3% |
| 16 | शम्भू नाथ निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3860.3% |
| 17 | ज़फ़र-उल-ला खान निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3810.3% |
| 18 | रामजी श्रीवास्तव निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2730.3% |
| 19 | रूद्र प्रकाश गुप्ता उर्फ़ कुल्हड़ निर्दलीय | निर्दलीय | 1,2470.3% |
| 20 | हरगोविन्द अग्रवाल | 1,0580.2% | |
| 21 | राम प्रगट दुबे निर्दलीय | निर्दलीय | 9510.2% |
| 22 | दुर्गा प्रसाद भट्ट निर्दलीय | निर्दलीय | 8130.2% |
| 23 | राम नरेश निर्दलीय | निर्दलीय | 7920.2% |
| 24 | बसंत लाल वर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 7850.2% |
| 25 | राम सुख वर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 7440.2% |
| 26 | अभिलाष निर्दलीय | निर्दलीय | 7110.2% |
| 27 | सूर्य नाथ वर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 6600.1% |
| 28 | अभिमन्यु कुमार तिवारी निर्दलीय | निर्दलीय | 6440.1% |
| 29 | राम प्यारे उर्फ़ डेपो वर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 5880.1% |
| 30 | राम देव निर्दलीय | निर्दलीय | 5800.1% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
साफ़ जीत, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 76% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 4.18 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1999
BJP ने यह सीट CPI से छीन ली, जिसने इसे 1989 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1977 से शुरू होता है, यह BJP की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1989 के 53.1% से घटकर 49.9% रह गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में भी BJP ने यह सीट अपने पास रखी।
- 1977अनंत राम जायसवाल (JNP), जीत का अंतर 48.0%
- 1980जय राम वर्मा (INC(I)), जीत का अंतर 18.1%
- 1984निर्मल खत्री (INC), जीत का अंतर 26.9%
- 1989मित्र सेन (CPI), जीत का अंतर 1.3%
- 1991विनय कटियार (BJP), जीत का अंतर 12.8%
- 1996विनय कटियार (BJP), जीत का अंतर 4.7%
- 1998मित्रसेन यादव (SP), जीत का अंतर 1.2%
- 1999विनय कटियार (BJP), जीत का अंतर 8.8%