रायपुरलोक सभा चुनाव का परिणाम, 1991
विद्याचरण शुक्ला (INC) ने 1991 के लोक सभा चुनाव में 45.1% वोट पाकर रायपुर सीट जीती और रमेश बैस (BJP) को 959 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
29 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | विद्याचरण शुक्ला | 1,88,33545.1% | |
| 2 | रमेश बैस | 1,87,37644.9% | |
| 3 | कुन्ती कुर्रे (डब्ल्यू.) | 18,4564.4% | |
| 4 | महेश तिवारी | 7,1561.7% | |
| 5 | मधुकर राव गणपत राव बंजारी निर्दलीय | निर्दलीय | 2,5250.6% |
| 6 | मोहन रोधीवाल | 1,9950.5% | |
| 7 | धजाराम पटेल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7760.4% |
| 8 | फजलुर रेहमान JP | JP | 1,3530.3% |
| 9 | बरन लाल साहू | 1,1620.3% | |
| 10 | श्रीराम चन्द्र निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0510.3% |
| 11 | आनन्द चोपकर निर्दलीय | निर्दलीय | 6690.2% |
| 12 | प्रकाश गोलछा (सत्तीबाजार) निर्दलीय | निर्दलीय | 6320.1% |
| 13 | संतोष कुमार लूनिया (संता भैया) निर्दलीय | निर्दलीय | 5310.1% |
| 14 | राजेन्द्र जग्गी निर्दलीय | निर्दलीय | 4730.1% |
| 15 | मोलना सिराजुद्दीन रिज़वी निर्दलीय | निर्दलीय | 4530.1% |
| 16 | सुल्तान सिंह यादव निर्दलीय | निर्दलीय | 4270.1% |
| 17 | राजेन्द्र कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 4180.1% |
| 18 | राजमहंत नैनदल कुर्रे निर्दलीय | निर्दलीय | 3710.1% |
| 19 | प्रकाश गोलछा (बूढ़ापारा) निर्दलीय | निर्दलीय | 2950.1% |
| 20 | इंदु लाल निषाद निर्दलीय | निर्दलीय | 2930.1% |
| 21 | नवरतन गोलछा (जेठा भैया) निर्दलीय | निर्दलीय | 2870.1% |
| 22 | आनन्द कुमार निर्दलीय | निर्दलीय | 2710.1% |
| 23 | देवेन्द्र सिंघानिया निर्दलीय | निर्दलीय | 2520.1% |
| 24 | राजेन्द्र शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 2270.1% |
| 25 | अनंत पंडित निर्दलीय | निर्दलीय | 2130.1% |
| 26 | स्वामी हीरा लाल बुधवानी निर्दलीय | निर्दलीय | 1940.1% |
| 27 | प्रकाश गोलछा (छोटापारा) निर्दलीय | निर्दलीय | 1760.0% |
| 28 | काजी हबीबुर रेहमान निर्दलीय | निर्दलीय | 1650.0% |
| 29 | विजय कुमार शर्मा निर्दलीय | निर्दलीय | 1400.0% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC, BJP और BSP को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.46 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1999
INC ने यह सीट BJP से छीन ली, जिसने इसे 1989 में जीता था; INC ने यहाँ पिछली बार 1984 में जीत दर्ज की थी। 1977 से अब तक यहाँ के किसी भी चुनाव में यह सबसे कड़ा मुक़ाबला था। मतदान प्रतिशत 1989 के 58.6% से घटकर 46.6% रह गया। इसके बाद 1996 के चुनाव में यह सीट BJP ने जीती।
- 1977पुरुषोत्तम लाल कौशिक (JNP), जीत का अंतर 27.3%
- 1980केयूर भूषण मथुरा प्रसाद (INC(I)), जीत का अंतर 22.0%
- 1984केयूर भूषण (INC), जीत का अंतर 27.2%
- 1989रमेश बैस (BJP), जीत का अंतर 16.8%
- 1991विद्याचरण शुक्ला (INC), जीत का अंतर 0.2%
- 1996रमेश वैश्य (BJP), जीत का अंतर 9.1%
- 1998रमेश बैस (BJP), जीत का अंतर 12.0%
- 1999रमेश बैस (BJP), जीत का अंतर 12.1%