डायमण्ड हारबरलोक सभा चुनाव का परिणाम, 1980
ज्योतिर्मय बसु (CPM) ने 1980 के लोक सभा चुनाव में 63.8% वोट पाकर डायमण्ड हारबर सीट जीती और ए.के.एम. इसहाक (INC(I)) को 1,45,932 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
6 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | ज्योतिर्मय बसु वाम मोर्चा | वाम मोर्चा | 3,10,40663.8% |
| 2 | ए.के.एम. इसहाक | 1,64,47433.8% | |
| 3 | जमीला खातून | 7,2141.5% | |
| 4 | परेश पाल निर्दलीय | निर्दलीय | 2,2590.5% |
| 5 | करुणा नाधन राय निर्दलीय | निर्दलीय | 1,4520.3% |
| 6 | शेक अब्दुल वदूद निर्दलीय | निर्दलीय | 8720.2% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, असल में दो दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
CPM और INC(I) को 98% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 1.92 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1984
CPM ने 1977 में जीती यह सीट फिर से अपने पास रखी। उसे मिले वोटों का प्रतिशत 70.6% से घटकर 63.8% रह गया। मतदान प्रतिशत 1977 के 62.4% से बढ़कर 69.5% हो गया। इसके बाद 1984 के चुनाव में भी CPM ने यह सीट अपने पास रखी।