भटिण्डालोक सभा चुनाव का परिणाम, 1980
हाकम सिंह (INC(I)) ने 1980 के लोक सभा चुनाव में 40.9% वोट पाकर भटिण्डा सीट जीती और धन्ना सिंह (SAD) को 17,009 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | हाकम सिंह | 1,65,77740.9% | |
| 2 | धन्ना सिंह | 1,48,76836.7% | |
| 3 | गुरसेवक सिंह वाम दल | वाम दल | 75,99418.8% |
| 4 | किक्कर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 5,6661.4% |
| 5 | संत राम निर्दलीय | निर्दलीय | 2,5910.6% |
| 6 | निर्मल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6740.4% |
| 7 | गुरदयाल सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1980.3% |
| 8 | रत्ती राम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1530.3% |
| 9 | नछत्तर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 8390.2% |
| 10 | जोरा सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 7120.2% |
| 11 | चेत राम निर्दलीय | निर्दलीय | 6830.2% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
नज़दीकी मुक़ाबला, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC(I), SAD और CPI को 96% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.96 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
बठिंडा ज़िला · 13.9 लाख लोग · जनगणना 2011
खट्टे फल (किन्नू), सूती धागा और शहद के लिए प्रसिद्ध।
यह सीट 3 ज़िलों में फैली है; नीचे के आँकड़े इसके मुख्य ज़िले बठिंडा के हैं।
यह ज़िलाटूटी रेखा = भारत
यहाँ कौन रहता है?
यहाँ कौन-कौन से धर्म माने जाते हैं?
- सिख70.9%
- हिंदू27.4%
- मुस्लिम1.2%
- ईसाई0.2%
- जैन0.1%
- बौद्ध<0.1%
- अन्य धर्म (आदिवासी आस्थाओं समेत)<0.1%
- नहीं बताया0.2%
नल में पानी, बिजली और शौचालय वाले घर
सेहत और परिवार
आसपास के प्रसिद्ध स्थान
2 प्रसिद्ध स्थानबठिंडा ज़िला
मुक्तसर ज़िला
मानसा ज़िला

प्रसिद्ध स्थानों के आँकड़े: Wikidata (CC0) · ASI (भारत सरकार, आधिकारिक)। तस्वीरें: Wikimedia Commons (हर फ़ाइल का अपना CC / पब्लिक-डोमेन लाइसेंस, हर फ़ाइल देखें)। नक्शे का डेटा © OpenStreetMap contributors.
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1984
INC(I) ने यह सीट SAD से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1977 के 70.0% से घटकर 57.2% रह गया। इसके बाद 1984 के चुनाव में यह सीट SAD ने जीती।