चतरालोक सभा चुनाव का परिणाम, 1980
रंजीत सिंह (INC(I)) ने 1980 के लोक सभा चुनाव में 40.0% वोट पाकर चतरा सीट जीती और सुखदेव प्रसाद वर्मा (JNP) को 45,586 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
12 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | रंजीत सिंह | 1,06,75140.0% | |
| 2 | सुखदेव प्रसाद वर्मा | 61,16522.9% | |
| 3 | सच्चिदा नन्द सिंह JNP(S) | JNP(S) | 46,54517.4% |
| 4 | मुश्ताक अली खान निर्दलीय | निर्दलीय | 19,9347.5% |
| 5 | बद्री नारायण गुप्ता निर्दलीय | निर्दलीय | 8,5693.2% |
| 6 | चतुर सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 6,4132.4% |
| 7 | चंद्रदीप गोप निर्दलीय | निर्दलीय | 4,4611.7% |
| 8 | चन्द्र भूषण सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4,3471.6% |
| 9 | राम प्रसाद दुबे निर्दलीय | निर्दलीय | 3,4801.3% |
| 10 | बालेश्वर प्रसाद JKD | JKD | 1,7740.7% |
| 11 | कामदेव सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 1,7160.6% |
| 12 | अनवर राही निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6830.6% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, कई दलों में बँटा मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
सबसे आगे के तीन दलों को 80% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 3.98 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
पुरानी सीट, जिस पर आख़िरी चुनाव 1999 में हुआ: तब से इसकी सीमाएँ बदल गईं या सीट ख़त्म हो गई, इसलिए आज के ज़िले या राज्य के आँकड़े नहीं दिखाए गए।
यहाँ से कौन जीता, 1967–1984
INC(I) ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था; इस सीट के रिकॉर्ड में, जो 1967 से शुरू होता है, यह INC(I) की पहली जीत थी। मतदान प्रतिशत 1977 के 48.0% से घटकर 41.8% रह गया। इसके बाद 1984 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।