पूर्णियालोक सभा चुनाव का परिणाम, 1980
माधुरी सिंह (INC(I)) ने 1980 के लोक सभा चुनाव में 48.5% वोट पाकर पूर्णिया सीट जीती और नियानंद आर्य (JNP(S)) को 61,956 वोटों से हराया।
विजेता
सीट का इतिहास
सभी उम्मीदवार
11 उम्मीदवार| # | उम्मीदवार | पार्टी | मिले वोट · %मतों का हिस्सा |
|---|---|---|---|
| 1 | माधुरी सिंह | 1,63,02248.5% | |
| 2 | नियानंद आर्य JNP(S) | JNP(S) | 1,01,06630.1% |
| 3 | लखनलाल कपूर | 53,23315.8% | |
| 4 | त्रिवेणी सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 4,5631.4% |
| 5 | चन्द्र कान्त सरकार निर्दलीय | निर्दलीय | 3,9841.2% |
| 6 | उमा कान्त सिंह निर्दलीय | निर्दलीय | 3,9131.2% |
| 7 | विश्वनाथ अग्रवाल निर्दलीय | निर्दलीय | 1,6800.5% |
| 8 | सत्यनारायण पोद्दार कवि सौरभ निर्दलीय | निर्दलीय | 1,3930.4% |
| 9 | असगर आलम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,1570.3% |
| 10 | मुन्शी मुरम निर्दलीय | निर्दलीय | 1,0340.3% |
| 11 | राम किसन प्रसाद साह निर्दलीय | निर्दलीय | 8690.3% |
परिणाम पूरे हैं; इस सीट के चुनावी हलफ़नामों की जानकारी अभी उपलब्ध नहीं है।
सुरक्षित अंतर, दो से तीन दलों का मुक़ाबला।
यह सीट कितनी पक्की है?
जीत का अंतर, कुल वोटों के प्रतिशत में
कितने लोगों ने वोट डाला?
पंजीकृत मतदाताओं में से
मुक़ाबले में असल में कितने दल थे?
INC(I), JNP(S) और JNP को 94% वोट मिले।
मुक़ाबले में दलों की प्रभावी संख्या 2.84 दलों की प्रभावी संख्या — यह हर दल को उसके मतों के हिस्से के हिसाब से गिनती है।
यह सीट कितनी बार सरकार बनाने वाली पार्टी को मिली?
वोट किस तरह बँटे?
यह सीट नंबर 2009 से दोबारा इस्तेमाल हुआ है। हमारे पास मौजूद ज़िले के आँकड़े इस सीट को 2009 से लड़ी गई सीट मानते हैं, इसलिए पहले के चुनावों के लिए ये नहीं दिखाए जाते।
राज्य के आँकड़े पूछें
RBI 2024-25ये आँकड़े पूरे राज्य के हैं, इस सीट के नहीं।
यहाँ से कौन जीता, 1977–1984
INC(I) ने यह सीट JNP से छीन ली, जिसने इसे 1977 में जीता था। मतदान प्रतिशत 1977 के 59.7% से घटकर 50.4% रह गया। इसके बाद 1984 के चुनाव में यह सीट INC ने जीती।